इन्दौर। आवकों के दबाव से समीक्षा सप्ताह के दौरान दलहनों में मसूर बाजार घटाकर बोले गये। चना घटकर पुन: मजबूत हुआ।
खाद्य तेलों में तेजी की स्थिति रही। सामान्य कारोबार के बीच तिलहनों में टिकाव रहा। दिसावरी तेजी के समाचारों से काली मिर्च में तेजी रही। नारियल बाजार भी चढ़े।
किराना :-
शनिवार को समाप्त हुए आलौच्य सप्ताह के दौरान स्थानीय सियागंज किराना बाजार में व्यापार सामान्य ही रहा। शक्कर में यद्यपि अब मांग के दिन है, किन्तु मिलों की बिकवाली से बाजार तेजी की स्थिति नहीं बना पा रहे है। शक्कर में बाजार 3480-3500 रू. क्विंटल के बीच रहे। खोपरा गोला सामान्य कारोबार के चलते 205-225 रू. प्रति किलो पर टिका रहा। दिसावरी तेजी के चलते काली मिर्च में बाजार तेजी के देखे गये। काली मिर्च में एटम क्वालिटी माल 575-582 रू. प्रति किलो पर पहुंच गया। जीरे में उठाव सुस्त है। उत्पादक मंडियों से भी नरमी के समाचार मिलने से बाजार उच्च स्तर पर टिके रहे। समीक्षा सप्ताह के दौरान जीरा राजस्थान 229-235 रू. प्रति किलो पर मजबूत देखा गया। बादाम गिरी में लेवाली सामान्य ही है। आयातित मालों की पड़तल ऊँची जाने से बाजार में मजबूती रही। बादाम गिरी में बाजार 690-700 रू. प्रति किलो पर आ गये। तरबूज मगज में ठंडाई निर्माताओं की मॉंग से बाजार 240-280 रू. प्रति किलो पर मजबूत नज़र आये। नारियलों में होली के लिए मॉंग रहने से बाजार 75-100 रू. प्रति थैले तक उछल गये और नारियल 120 भरती मालों में 1350-1400 से 1425 से 1475 रू. प्रति थैले पर आ गया।
तेल तिलहन :-
समीक्षा सप्ताह के दौरान खाद्य तेलों में बाजार जोरदार तेजी के देखे गये। बाजार सूत्रों का मानना है कि यूक्रेन संकट के बाद जहां सनफ्लॉवर तेल की आमदें अटकी है, वहीं आयातित पॉम व सोया तेलों में उछाल की स्थिति रही। बीते सप्ताह के दौरान सींगदाना तेल इन्दौर लाईन पर 1580-1600 रू. प्रति 10 किलो पर आ गय। सोया व कपास्या तेलों में 80-100 रू. प्रति 10 किलो तक का इजाफा रहा। सोया तेलों में रिफाइंड माल 1570-1600 रू. प्रति 10 किलो को छू गये। तिलहनों में सोयाबीन व रायडे में कीमतें बनी रही।
दाल दलहन :-
आलौच्य सप्ताह के दौरान दाल दलहनों में व्यापार की मात्रा अच्छी रही। चने में निचले स्तरों पर मॉंग है। नये मालों की आमदों ने अभी जोर नहीं पउ़का है। नये माल की आवक होली बाद ही जोर पकड़ने की संभावना है। चना अच्छे मालों में 5150-5175 रू. प्रति क्विंटल पर आ गया। मसूर में आवकें जोर पकड़ने से बाजार 300-400 रू. प्रति क्विंटल तक टूट गये और मसूर बाजार 6900 रू. प्रति क्विंटल से टूटकर 6450-6500 रू. प्रति क्विंटल पर आ गये। उड़द व मूंग में बाजार मजबूत बने रहे। तुअर में आवकें अच्छी है, फिर भी लेवाली के चलते भावों में मजबूती रही। इस दौरान तुअर निमाड़ी मालों में बाजार 5400-6300 रू. क्विंटल क्वालिटी अनुसार रहे।


