जिसको नमाज पढ़ना है बंद कमरे या मस्जिद में पढ़े, दूसरों को ना सुनाएं – आकाश विजयवर्गीय

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"दैनिक सदभावना पाती" (Dainik Sadbhawna Paati) (भारत सरकार के समाचार पत्रों के पंजीयक – RNI में पंजीकृत, Reg. No. 2013/54381) "दैनिक सदभावना पाती" सिर्फ एक समाचार...
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लाउडस्पीकर का विवाद कम नहीं हो रहा है। इस मुद्दे पर लगातार बयानबाजी हो रही है। अब इंदौर के भाजपा विधायक आकाश विजयवर्गीय ने इस मामले में दिया है। विधायक ने कहा है कि लाउडस्पीकर पर अजान बंद होनी चाहिए। हनुमान चालीसा अजान का विरोध है।

दरअसस बीते कई दिनों से लाउडस्पीकर का विवाद चल रहा है। इस पर लगातार बयानबाजी हो जा रही है। इंदौर की विधानसभा क्रमांक 3 के भाजपा विधायक आकाश विजयवर्गीय भी इस बयानबाजी में कूद पड़े हैं।

उन्होंने कहा है कि लाउडस्पीकर पर अजान बंद होनी चाहिए। अगर आपको नमाज और अजान पढ़नी है, तो बंद कमरे में या मस्जिद में पढ़ें। जो लोग नहीं सुनना चाहते उन्हें जबरदस्ती नहीं सुनाना चाहिए। इंदौर में पांच समय हनुमान चालीसा का पाठ अजान के समय होने पर विधायक विजयवर्गीय ने कहा कि यह लाउडस्पीकर पर अजान का विरोध करने का तरीका है।
यह नियमित चली आ रही चीज नहीं है। विधायक ने कहा कि अगर मैं कोई चीज नहीं सुनना चाहता हूं और मुझे जबरदस्ती सुनना पड़ रही है तो ये गलत है। अगर आप अपने धर्म को मानते हैं।
रोज नमाज व अजान चाहते हैं तो बंद कमरे में पढ़ें। अगर कोई दूसरे धर्म को मानने वाला उसे नहीं सुनना चाहतो तो क्यों जबरदस्ती सुनाया जाए। सारी चीजें नियम से होनी चाहिए।
गौरतलब है कि बता दें कि महाराष्ट्र में मनसे प्रमुख राज ठाकरे ने मस्जिदों से लाउडस्पीकर हटाने को मुद्दा उठाया था। उन्होंने कहा था कि लाउडस्पीकर नहीं हटाए तो मस्जिदों के सामने हनुमान चालीसा पढ़ेंगे। इसके बाद देशभर में मुद्दा गरमाया हुआ है।  देशभर में लाउडस्पीकर को लेकर बहस चल रही है।
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"दैनिक सदभावना पाती" (Dainik Sadbhawna Paati) (भारत सरकार के समाचार पत्रों के पंजीयक – RNI में पंजीकृत, Reg. No. 2013/54381) "दैनिक सदभावना पाती" सिर्फ एक समाचार पत्र नहीं, बल्कि समाज की आवाज है। वर्ष 2013 से हम सत्य, निष्पक्षता और निर्भीक पत्रकारिता के सिद्धांतों पर चलते हुए प्रदेश, देश और अंतरराष्ट्रीय स्तर की महत्वपूर्ण खबरें आप तक पहुंचा रहे हैं। हम क्यों अलग हैं? बिना किसी दबाव या पूर्वाग्रह के, हम सत्य की खोज करके शासन-प्रशासन में व्याप्त गड़बड़ियों और भ्रष्टाचार को उजागर करते है, हर वर्ग की समस्याओं को सरकार और प्रशासन तक पहुंचाना, समाज में जागरूकता और सदभावना को बढ़ावा देना हमारा ध्येय है। हम "प्राणियों में सदभावना हो" के सिद्धांत पर चलते हुए, समाज में सच्चाई और जागरूकता का प्रकाश फैलाने के लिए संकल्पित हैं।