नई दिल्ली: रूस और ईरान से तेल व गैस खरीदने के मुद्दे पर भारत ने अपने हितों को आगे रखा है. केंद्रीय पेट्रोलियम मंत्री हरदीप सिंह पुरी ने पक्ष रखते हुए कहा कि, ऊर्जा खरीद को लेकर भारत अपना हित देखेगा.
दरअसल ईरान और रूस पर अमेरिका समेत पश्चिमी देश द्वारा लगाए गए प्रतिबंधों के बीच भारत इन दोनों देशों से तेल व गैस खरीद रहा है जिसकी आलोचना की जा रही है.
पेट्रोलियम व नेचुरल गैस मिनिस्टर हरदीप सिंह पुरी ने न्यूज एजेंसी एएनआई से बात करते हुए कहा कि, हम ईरान जैसे खाड़ी देशों के करीब स्थित हैं, जहां बड़ी मात्रा में तेल है.
वहीं रूस के साथ हमारे ऊर्जा संबंध हैं, हम उनसे कच्चा तेल खरीदते हैं लेकिन हमारा कुल आयात 0.2% से अधिक नहीं है, हम शर्तों के अनुसार खरीदने के लिए तैयार हैं. हमें अपने हितों का ध्यान रखना होगा.
भारत रूस से जितना तेल महीने में खरीदता है, यूरोप उससे ज्यादा हर दोपहर इंपोर्ट करता है- भारत
इससे पहले विदेश मंत्री एस जयशंकर ने रूस से तेल के आयात पर हो रही भारत की आलोचना को लेकर करार जवाब दिया था. उन्होंने कहा कि, अगर आप भारत द्वारा रूस से तेल की खरीद की बात करते हैं, तो मैं कहना चाहूंगा आपको यूरोप पर अपना ध्यान देना होगा.
हम ईंधन की सुरक्षा के लिए कुछ हिस्सा तेल का आयात करते हैं. अगर एक महीने के आंकड़े पर नजर डालें, तो हम जितना तेल एक महीने में खरीदते हैं उतना तो यूरोप हर दोपहर को खरीद लेता है.
वहीं केंद्रीय मंत्री हरदीप सिंह पुरी ने तेल की कीमतों में वृद्धि को लेकर कहा कि सरकार इस दिशा में कड़े प्रयास कर रही है और राज्यों को भी इसकी जिम्मेदारी लेनी चाहिए.
उन्होंने विपक्ष के आरोपों को खारिज करते हुए बताया कि, ईंधन की कीमत में 30 फीसदी की बढ़ोतरी हुई है न कि 80 फीसदी की.


