बिजली बिलों के जरिए हो रहा साइबर अपराध, सैकड़ों उपभोक्ता बिल जमा करने के बाद भी बकायेदार

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भोपाल। बिजली बिल जमा करने के बाद भी कई उपभोक्ताओं को कनेक्शन काटे जाने का संदेश मिला है। मोबाइल पर एसएमएस के जरिए इसे भेजा जा रहा है। बिजली कंपनी को शिकायत करने पर ये संदेश फर्जी बताए गए। इसे साइबर ठगी का एक जरिया बताया जा रहा है। राजधानी में बीते कुछ समय से इस तरह के मामले बढ़ गए हैं। लोगों को फर्जी मैसेज आ रहे हैं। रचना नगर निवासी मुकेश अवस्थी के मोबाइल पर एक संदेश आया।
जिसमें कहा गया कि बिजली बिल बकाया है। शाम तक लाइन काट दी जाएगी। इससे बचने के लिए दिए गए नंबर पर संपर्क करें। नंबर पर बात करने पर कोई जवाब नहीं मिला। एक अन्य उपभोक्ता ने बताया कि उन्होंने ऑनलाइन बिल जमा किया था। मैसेज आने पर लगा कि शायद बिजली कंपनी को राशि नहीं पहुंची। ऐसे में मांगी गई जानकारी भेज रहे थे। इस बीच अधिकारियों से बात करने पर इसके फर्जी होने का पता लगा। बढ़ते मामलों के कारण बिजली कंपनी के अधिकारियों ने एडवाइजरी जारी की है। साथ ही इसकी शिकायत भी की जा रही है।
बिजली कंपनी से नहीं भेजे संदेश
अनिल वर्मा, ईई बिजली कंपनी का कहना है कि बिजली बिल बकाया होने के ऐसे संदेश कंपनी की ओर से नहीं भेजे जाते हैं। यह फर्जी है। ऐसे मामलों में उपभोक्ता सतर्क रहें। किसी भी दिक्कत होने पर करीबी बिजली स्टेशन पर शिकायत करें।
अकाउंट से कट गई राशि
कुलदीप राठौर ने साइबर एक्सपर्ट के रूप में काम कर रहे हैं। इन्होंने बताया कि लोगों को सूचना पैसा कटने के बाद मिलती है। यह बैंक अकाउंट से सीधा जुड़ा होता है। इस फर्जीवाड़े में शिकायतें हुई हैं। लेकिन अपराधी पकड़ से बाहर हैं। अब कुछ संगठन इस दिशा में काम कर रहे हैं। विजय सक्सेना ने कहा कि साइबर के कई मामले आ चुके हैं।
इस तरह के मैसेज आए
यह साइबर ठगी का मामला बताया गया है। यहां उपभोक्ता के जरिए दिए गए नंबर पर काल करने पर एक लिंक दिया जाता है। एक्सपर्ट बताते हैं कि यहीं से ठगी की शुरुआत हो जाती है। बैंक अकाउंट में सेंध लगने के साथ ही पर्सनल डाटा तक इस तरीके से हैकर्स चुरा लेते हैं।

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