29 गांवों में लोग भुगत रहे भीषण जल संकट, टैक्स वसूला जा रहा लेकिन पीने का पानी नहीं दिया जा रहा

By
sadbhawnapaati
"दैनिक सदभावना पाती" (Dainik Sadbhawna Paati) (भारत सरकार के समाचार पत्रों के पंजीयक – RNI में पंजीकृत, Reg. No. 2013/54381) "दैनिक सदभावना पाती" सिर्फ एक समाचार...
2 Min Read

इंदौर। नगर निगम सीमा में शामिल किए गए 29 गांवों की बस्तियों और कालोनियों में लोग भीषण जलसंकट भुगतने को मजबूर है। कई कालोनियों में नर्मदा की पाइप लाइनें तो बिछी हैं लेकिन पानी नहीं दिया जा रहा है।
नल कनेक्शन तक नहीं दिए गए हैं। छोटा बांगड़दा क्षेत्र में पदमालय कालोनी, उमंग पार्क, विद्या पैलेस, स्मृति नगर में पीने का पानी बोरिंग से मिलता है।
लोगों ने अपने स्तर पर पानी की व्यवस्था कर रखी है। विद्या पैलेस के बोरिंग पर कब्जा कर मकान बना लिया गया है। अब नलकूप खराब होने पर उसे सुधारा भी नहीं जा सकेगा।
नगर निगम का पल्हर नगर झोन विद्या पैलेस में जमीनों पर कब्जे की या तो अनदेखी कर रहा है या रिश्वतखोरी करके मकान बनवा रहा है।
विद्या पैलेस से लगे अशोक नगर में हालत इतनी खराब है कि ट्रांसफार्मर की आड़ में पानी की पाइप लाइन के ऊपर ही कब्जा कर मकान बना लिया गया है।
गुंडे बदमाश का कब्जा होने से मोहल्ले के लोग उलझकर झगड़ा करना नहीं चाहते हैं। उमंग पार्क, पदमावती कालोनी में भी नर्मदा की पाइप लाइन बिछी है लेकिन न तो नल कनेक्शन दिए गए हैं न ही पाइप लाइन में पानी छोड़ा जा रहा है।
लोग जैसे तैसे बोरिंग से काम चला रहे हैं। बोरिंग भी दम तोड़ने लगे हैं। अब तो टैंकरों का पानी खरीद कर पीना पडेगा।
उनतीस गांवों को शहर सीमा में करने के बाद नगर निगम टैक्स तो वसूल रहा है लेकिन पानी की सुविधा तक नहीं दे रहा है।
पाइप लाइन का ठेका लेकर नर्मदा से जोड़ने वाली कंपनी एलएंडटी अब है या नहीं यह भी जानकारी नहीं दी जा रही है।
Share This Article
Follow:
"दैनिक सदभावना पाती" (Dainik Sadbhawna Paati) (भारत सरकार के समाचार पत्रों के पंजीयक – RNI में पंजीकृत, Reg. No. 2013/54381) "दैनिक सदभावना पाती" सिर्फ एक समाचार पत्र नहीं, बल्कि समाज की आवाज है। वर्ष 2013 से हम सत्य, निष्पक्षता और निर्भीक पत्रकारिता के सिद्धांतों पर चलते हुए प्रदेश, देश और अंतरराष्ट्रीय स्तर की महत्वपूर्ण खबरें आप तक पहुंचा रहे हैं। हम क्यों अलग हैं? बिना किसी दबाव या पूर्वाग्रह के, हम सत्य की खोज करके शासन-प्रशासन में व्याप्त गड़बड़ियों और भ्रष्टाचार को उजागर करते है, हर वर्ग की समस्याओं को सरकार और प्रशासन तक पहुंचाना, समाज में जागरूकता और सदभावना को बढ़ावा देना हमारा ध्येय है। हम "प्राणियों में सदभावना हो" के सिद्धांत पर चलते हुए, समाज में सच्चाई और जागरूकता का प्रकाश फैलाने के लिए संकल्पित हैं।