Indore News – साइकिल हब बन रहा इंदौर

By
sadbhawnapaati
"दैनिक सदभावना पाती" (Dainik Sadbhawna Paati) (भारत सरकार के समाचार पत्रों के पंजीयक – RNI में पंजीकृत, Reg. No. 2013/54381) "दैनिक सदभावना पाती" सिर्फ एक समाचार...
2 Min Read

शहर में रोजाना बुक रहती है 1 हजार में से 861 साइकिल

Indore AICTSL News – एआइसीटीएसएल से चलने वाली माय बाइक (साइकिल) युवा और नौकरी पेशा ज्यादा अपना रहे हैं। शहर में मई तक 500 साइकिल चल रही थी, आज 1 हजार शहर सडक़ों पर चल रही है।

2 महीने में 500 माय बाइक साइकिल यूजर बढ़ गए है। युवाओं में एक बार फिर साइकिल का लगाव बढ़ गया है। शहर में साइकिल स्टैंड के रूप में 100 हब बनाए है। भंवरकुआं क्षेत्र में सबसे ज्यादा माय बाइक का इस्तेमाल किया जा रहा है। ये युवाओं की पसंदीदा बन गई है।

शहर में 1 हजार में से 861 साइकिल रोजाना बुक रहती है। माय बाइक का इस्तेमाल इसलिए भी हो रहा है, क्योंकि लोगों में स्वास्थ्य की जागरूकता आ रही है।

कॉलेज और ऑफिस के लिए मांग
एआईसीटीएसएल माय बाइक सिटी मैनेजर अंकित ङ्क्षसह मंडलोई ने बताया, 1 हजार में 861 साइकिल यूजर के पास है। स्टूडेंट और नौकरीपेशा सबसे ज्यादा साइकिल चला रहे हैं।

नौकरी पेशा लोग लास्ट माइल कनेक्टिविटी के लिए यूज कर रहे है। लोगों को ऑफिस, कॉलेज और कोङ्क्षचग संस्थान में दूरी तक पैदल रास्ता तय करना होता है। बस अपने निर्धारित रूट पर चलती है। गली- कॉलोनी में बस का जाना संभव नहीं हो पाता।

इन जगहों से ले रहे साइकिल
राजबाड़ा, कृष्णपुरा, नगर निगम, भंडारी मिल, नंदा नगर, तीन पुलिया, रेडिमेड कॉम्प्लेक्स, आई बस सभी स्टॉप, नौलखा, पीपल्याहाना, अग्रवाल पब्लिक स्कूल, खजराना, रेडिसन चौराहा, बॉम्बे हॉस्पिटल निपानिया, खालका चौक, राजीव गांधी, कलेक्टर पलसीकर, फूटी कोठी, गौपुर चौराह, ङ्क्षरगरोड, आईटी पार्क, बड़ा गणपति, डीएवीवी, सहित अन्य स्थान।

Share This Article
Follow:
"दैनिक सदभावना पाती" (Dainik Sadbhawna Paati) (भारत सरकार के समाचार पत्रों के पंजीयक – RNI में पंजीकृत, Reg. No. 2013/54381) "दैनिक सदभावना पाती" सिर्फ एक समाचार पत्र नहीं, बल्कि समाज की आवाज है। वर्ष 2013 से हम सत्य, निष्पक्षता और निर्भीक पत्रकारिता के सिद्धांतों पर चलते हुए प्रदेश, देश और अंतरराष्ट्रीय स्तर की महत्वपूर्ण खबरें आप तक पहुंचा रहे हैं। हम क्यों अलग हैं? बिना किसी दबाव या पूर्वाग्रह के, हम सत्य की खोज करके शासन-प्रशासन में व्याप्त गड़बड़ियों और भ्रष्टाचार को उजागर करते है, हर वर्ग की समस्याओं को सरकार और प्रशासन तक पहुंचाना, समाज में जागरूकता और सदभावना को बढ़ावा देना हमारा ध्येय है। हम "प्राणियों में सदभावना हो" के सिद्धांत पर चलते हुए, समाज में सच्चाई और जागरूकता का प्रकाश फैलाने के लिए संकल्पित हैं।