केंद्र सरकार द्वारा पारित 3 कृषि कानूनों के खिलाफ एक साल से जारी किसान आंदोलन को लेकर किसान मोर्चा ने ऐलान कर दिया है। 26 अक्टूबर को संयुक्त किसान मोर्चा के द्वारा देशव्यापी विरोध प्रदर्शन का आह्वान किया गया है। साथ ही किसान महापंचायत अब 22 नवंबर को को आयोजित होगी।
केंद्र सरकार द्वारा पारित तीन कृषि कानूनों के विरोध में पंजाब, हरियाणा और उत्तर प्रदेश के किसान पिछले साल 26 नवंबर से दिल्ली के सिंघु, टिकरी और गाजीपुर पर डेरा डाले हुए हैं। किसान मोर्चा ने अपने बयान में कहा कि एसकेएम ने अब सभी दलों से 26 अक्टूबर को देशव्यापी विरोध के साथ अजय मिश्रा टेनी की बर्खास्तगी और गिरफ्तारी की मांग को तेज करने का आह्वान किया है। ये विरोध प्रदर्शन लखीमपुर खीरी हिंसा के विरोध हो रहा है।
किसान मोर्चा ने कहा कि उस दिन सुबह 11 बजे से दोपहर 2 बजे के बीच धरना और मार्च निकाला जाएगा। भाजपा कार्यकर्ताओं को ले जा रहे एक वाहन को कथित तौर पर टक्कर मार दी गई। अन्य मृतकों में भाजपा के दो कार्यकर्ता और उनका चालक शामिल है। वहीं दूसरी तरफ 26 अक्टूबर को आंदोलन के 11 महीने पूरे हो रहे हैं। लखनऊ में संयुक्त किसान मोर्चा का किसान महापंचायत अब 22 नवंबर को होगा। 26 अक्टूबर को लखनऊ में प्रस्तावित किसान महापंचायत का आयोजन रद्द कर दिया गया। खेतों के सीजन और खराब मौसम को देखते हुए यह निर्णय लिया गया।


