MP News – कैमरा देख भागे बीजेपी सांसद, 600 करोड़ के घोटाले पर सरकार की बोलती बंद 

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Mp News. मध्यप्रदेश के‌ अलीराजपुर जिले में हुए कथित फ्लोरोसिस घोटाले में रतलाम-झाबुआ संसदीय सीट से बीजेपी सांसद गुमान सिंह डामोर की की मुश्किलें बढ़ती नजर आ रही हैं. कोर्ट ने बीजेपी सांसद जीएस डामोर (तत्कालीन चीफ इंजीनियर) और तत्कालीन दूसरे अफसरों के खिलाफ FIR दर्ज करने का निर्देश दिए हैं. आरोप है कि 600 करोड़ की फ्लोरोसिस परियोजना में करोड़ों की हेरा फेरी की गई. डामोर के पास उन पर लगे भ्रष्टाचार के आरोपों का कोई जवाब नहीं है.

भोपाल में मंगलवार सुबह डामोर बीजेपी कार्यालय आए थे, जब मीडिया ने उनसे 600 करोड़ रुपए के घोटाले के मामले में सवाल किए तो वे बचते-बचाते भाग निकले. इस मामले में सरकार की ओर से भी कोई स्पष्टीकरण या बयान सामने नहीं आया है.

दरअसल, अलीराजपुर के न्यायिक मजिस्ट्रेट अमित जैन के निर्देश पर डामोर के साथ-साथ अलीराजपुर कलेक्टर गणेश शंकर मिश्र के खिलाफ, पीएचई के कार्यपालन यंत्री डीएल सूर्यवंशी, सुधीर कुमार सक्सेना और अन्य के खिलाफ आईपीसी की धारा 197, 217, 269, 403, 406 , 409 एवं 420 के तहत FIR दर्ज हुई है. फिलहाल कोई गिरफ्तारी नहीं हुई है. इस मामले में कोर्ट ने आरोपियों को 17 जनवरी 2022 को पेश होने के निर्देश दिए हैं.

क्या है यह घोटाला

बता दें, इंदौर के धर्मेंद्र शुक्ला ने इन सभी के खिलाफ करोड़ों के घोटाले में लिप्त होने से संबंधी दस्तावेज प्रस्तुत किए थे. सांसद बनने से पहले साल 2006-07 में गुमान सिंह डामोर चीफ इंजीनियर फ्लोरोसिस नियंत्रण परियोजना के रूप में इंदौर में पदस्थ थे. आरोप है कि इन्होंने फ्लोरोसिस नियंत्रण व पाइप सप्लाई मटेरियल खरीदी व अन्य कई योजनाओं के नाम अलीराजपुर और झाबुआ क्षेत्र में करोड़ों रुपए के बिल गैरकानूनी रूप से अपने प्रभाव से पास करवाए. आरोप है कि योजनाओं में न तो आदिवासी क्षेत्र में कोई फ्लोरोसिस नियंत्रण का काम किया गया और न क्षेत्र में हैंडपंप खुदवाए‌ गए.

दस्तावेजों के साथ धर्मेंद्र शुक्ला ने हाई कोर्ट के समक्ष साल 2015 और 2017 में याचिकाएं लगाई थी. इसके बाद साल 2019 में अलीराजपुर कोर्ट में परिवाद दाखिल किया था. कोरोना के चलते तब बयान नहीं हो पाए थे. याचिका में पारित आदेश में अलीराजपुर में जस्टिस मजिस्ट्रेट प्रथम श्रेणी के समक्ष परिवाद मय दस्तावेजों के पेश किए गए. इसी माह 4 दिसंबर को कोर्ट में गवाहों के कथन करवाए गए. जिस पर कोर्ट ने केस संख्या 2280/2021 में मामला दर्ज किया है. जिसमें आरोपियों को 17 जनवरी 2022 को कोर्ट अलीराजपुर में पेश होने को कहा गया है.

सांसद गुमान सिंह डामोर भाजपा प्रदेश अध्यक्ष वीडी शर्मा को अपनी सफाई देने पहुंचे थे, लेकिन उन्होंने डामोर को 2 मिनट का समय भी नहीं दिया।

सांसद डामोर सोमवार को राष्ट्रीय सह संगठन मंत्री शिव प्रकाश की बैठक में शामिल हुए थे। इस दौरान वे मीडिया से बचकर निकल गए। डामोर मंगलवार को फिर भाजपा कार्यालय पहुंचे। यहां मीडिया ने उन्हें घेर लिया था। उनसे 600 करोड़ के घोटाले में दर्ज एफआईआर में नाम होने पर सवाल किया गया तो वे भागने लगे। मीडियाकर्मी उनके पीछे भागे, लेकिन उन्होंने कोई जवाब नहीं दिया।

 

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