विदेश में जाकर शिक्षा हासिल करने के लिए भारतीय अमेरिका को पसंद करते हैं – रिपोर्ट

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sadbhawnapaati
"दैनिक सदभावना पाती" (Dainik Sadbhawna Paati) (भारत सरकार के समाचार पत्रों के पंजीयक – RNI में पंजीकृत, Reg. No. 2013/54381) "दैनिक सदभावना पाती" सिर्फ एक समाचार...
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हमारे देश में कई लोग बाहर जा कर पढ़ाई करना चाहते हैं. कई पेरेंट्स भी बच्चों को मास्टर्स करने के लिए बाहर भेजने का सपना देखते हैं. हाल ही में फिन-टेक प्लेटफॉर्म प्रोडिजी फाइनेंस की एक नई रिपोर्ट में यह दावा किया गया है कि विदेश में जाकर शिक्षा हासिल करने के लिए करीब 67 फीसदी भारतीय अमेरिका (America) को पसंद करते हैं. वहीं स्टेट ऑफ हायर एजुकेशन इन स्टडी अब्रॉड मार्केट की रिपोर्ट से पता चला है कि अमेरिका के अलावा, भारतीय छात्र विदेश में अपनी मास्टर डिग्री हासिल करने के लिए यूके (UK) और फ्रांस (France) को पसंद करते हैं. इन दोनों देशों का प्रतिशत 8 फीसदी है .

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गौरतलब है कि उच्च शिक्षा के लिए विदेश जाने वाले अधिकांश छात्र महाराष्ट्र के 20 प्रतिशत, कर्नाटक (Karnataka) के 15 प्रतिशत, दिल्ली 12 प्रतिशत और तेलंगाना के 8 प्रतिशत छात्र थे. रिपोर्ट में दिखाया गया है कि पिछले साल उच्च शिक्षा के लिए विदेश यात्रा करने वाले लगभग 70 प्रतिशत पुरुष थे और 30 प्रतिशत महिलाएं थीं. अध्ययन में पाया गया कि इंजीनियरिंग पाठ्यक्रमों के लिए, नॉर्थ ईस्टर्न यूनिवर्सिटी, अलिर्ंग्टन में टेक्सास विश्वविद्यालय और स्टीवंस इंस्टीट्यूट ऑफ टेक्नोलॉजी सबसे पसंदीदा विश्वविद्यालय थे. एमबीए कार्यक्रमों के लिए जॉर्ज टाउन विश्वविद्यालय, टोरंटो विश्वविद्यालय और रोचेस्टर विश्वविद्यालय सबसे लोकप्रिय रहे हैं. उच्च शिक्षा के लिए विदेश यात्रा करने वाले छात्रों में गंभीर अनिश्चितता है क्योंकि पिछले साल देशव्यापी लॉकडाउन के बीच अधिकांश परिवार वित्तीय संकट से गुजरे थे.

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"दैनिक सदभावना पाती" (Dainik Sadbhawna Paati) (भारत सरकार के समाचार पत्रों के पंजीयक – RNI में पंजीकृत, Reg. No. 2013/54381) "दैनिक सदभावना पाती" सिर्फ एक समाचार पत्र नहीं, बल्कि समाज की आवाज है। वर्ष 2013 से हम सत्य, निष्पक्षता और निर्भीक पत्रकारिता के सिद्धांतों पर चलते हुए प्रदेश, देश और अंतरराष्ट्रीय स्तर की महत्वपूर्ण खबरें आप तक पहुंचा रहे हैं। हम क्यों अलग हैं? बिना किसी दबाव या पूर्वाग्रह के, हम सत्य की खोज करके शासन-प्रशासन में व्याप्त गड़बड़ियों और भ्रष्टाचार को उजागर करते है, हर वर्ग की समस्याओं को सरकार और प्रशासन तक पहुंचाना, समाज में जागरूकता और सदभावना को बढ़ावा देना हमारा ध्येय है। हम "प्राणियों में सदभावना हो" के सिद्धांत पर चलते हुए, समाज में सच्चाई और जागरूकता का प्रकाश फैलाने के लिए संकल्पित हैं।